दर्द से राहत देने वाला इलेक्ट्रिक थेरेपी मैट बना मौत का कारण, 90 वर्षीय बुजुर्ग की गई जान

 


मैट मे आग लगने से हुआ हादसा

(शहर संवाददाता)
भोपाल।  दर्द से राहत देने वाला एक इलेक्ट्रिक थेरेपी मैट 90 वर्षीय बुजुर्ग की मौत का कारण बन गया। 27 मई  को हुए इस दर्दनाक हादसे में थेरेपी के दौरान मैट में अचानक शॉर्ट-सर्किट होने से आग लग गई, जिसकी चपेट में आने से बुजुर्ग गंभीर रूप से झुलस गए। घटना  ईंटखेड़ी के ग्रामीण क्षेत्र की है। अस्पताल में उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। घटना ने घरेलू इलेक्ट्रॉनिक चिकित्सा उपकरणों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

मैट मे स्पार्किंग से लगी आग

जानकारी के अनुसार ईंटखेड़ी थाना क्षेत्र निवासी ग्लैडविन सहाय (90) लंबे समय से पीठ दर्द और अन्य शारीरिक समस्याओं से परेशान थे। डॉक्टर की सलाह पर वे घर में इलेक्ट्रिक थेरेपी मैट का उपयोग कर रहे थे। बताया जाता है कि 27 मई को थेरेपी के दौरान अचानक मैट में स्पार्किंग हुई और कुछ ही क्षणों में उसमें आग लग गई। बुजुर्ग की चीख-पुकार सुनकर परिजन मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का प्रयास किया। गंभीर रूप से झुलसे सहाय को तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका उपचार शुरू किया गया, लेकिन हालत गंभीर होने के कारण उनकी मौत हो गई।

उपकरण में तकनीकी खराबी को माना जा रहा वजह

पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में शॉर्ट-सर्किट या उपकरण में तकनीकी खराबी को हादसे का कारण माना जा रहा है। पुलिस और तकनीकी विशेषज्ञ यह पता लगाने में जुटे हैं कि आग बैटरी, वायरिंग या किसी अन्य तकनीकी खामी के कारण लगी।

इलेक्ट्रिक थेरेपी उपकरणों की गुणवत्ता और सुरक्षा मानकों पर सवाल

इस घटना ने घरों में उपयोग किए जाने वाले इलेक्ट्रिक थेरेपी उपकरणों की गुणवत्ता और सुरक्षा मानकों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे उपकरणों का उपयोग करते समय विशेष सावधानी बरतना आवश्यक है तथा किसी भी प्रकार की खराबी दिखाई देने पर तत्काल उनका उपयोग बंद कर देना चाहिए।
घरेलू उपयोग के मेडिकल उपकरणों से जुड़ा यह हादसा लोगों के लिए एक बड़ी चेतावनी है कि सुविधा और स्वास्थ्य लाभ के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की नियमित जांच और सुरक्षित उपयोग बेहद जरूरी है।

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